
जब तक हर गरीब को उसका अधिकार नहीं मिलता, हमारी लड़ाई जारी रहेगी” — डॉ. नृपेंद्र वर्मा
ग्राम सभा लोन्हारा (मल्हपुर)
विकास के तमाम दावों के बीच ग्राम सभा लोन्हारा के मल्हपुर गांव से एक हृदयविदारक तस्वीर सामने आई है, जहाँ सैकड़ों ग्रामीण बुनियादी सुविधाओं के अभाव में नारकीय जीवन जीने को मजबूर हैं। गांव में जल निकासी का कोई पुख्ता इंतजाम न होने के कारण हर गली कीचड़ से पटी पड़ी है। गंदे पानी और फैली गंदगी की वजह से गांव में संक्रामक बीमारियां फैल रही हैं, जिससे सैकड़ों लोग अस्वस्थ हैं। स्कूली मासूम बच्चे, बुजुर्ग और महिलाएं इसी घुटने भर कीचड़ और गंदगी से गुजरने को विवश हैं।
गांव के इस विकराल संकट और गरीबों की पुकार सुनकर क्षेत्र में ‘गरीबों के मसीहा’ के रूप में पहचान बना चुके डॉ. नृपेंद्र वर्मा मल्हपुर गांव पहुंचे। ग्रामीणों ने उन्हें अपने गांव की खौफनाक हकीकत दिखाई और अपनी फरियाद सुनाई।

गांव की बदहाली को देख डॉ. नृपेंद्र वर्मा का दिल पसीज गया। उन्होंने ग्रामीणों को संबोधित करते हुए पूरे ओज और आत्मीयता के साथ कहा
यह सिर्फ कीचड़ नहीं, बल्कि प्रशासनिक उपेक्षा का वो दलदल है जिसमें हमारे गरीब किसान, मासूम बच्चे और बुजुर्ग रोज पिस रहे हैं। जहां बच्चे हंसते-खेलते स्कूल जाने चाहिए, वहां वे बीमारी और गंदगी के बीच चलने को मजबूर हैं। मैं सरकार और प्रशासन से सीधे शब्दों में मांग करता हूं कि मल्हपुर में तत्काल साफ-सफाई कराई जाए, जल निकासी के लिए पक्की नालियों का निर्माण हो और ग्रामीणों के आवागमन के लिए मजबूत आर.सी.सी. रोड बनाई जाए। जब तक मल्हपुर के आखिरी व्यक्ति को उसका हक नहीं मिल जाता, मैं चुप नहीं बैठूंगा।
डॉ. वर्मा के इस हुंकार से पूरे गांव में उम्मीद की नई किरण जग उठी। इस अवसर पर महेंद्र गौतम, रिजवान, गोपाल सहित सैकड़ों की संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे और सभी ने एक स्वर में अपनी आवाज बुलंद की।
लखनऊ मंडल ब्यूरो चीफ – अनुराग सिंह








