
रिपोर्ट फर्रुखाबाद जिला क्राइम ब्यूरो पंकज कुमार
पीड़ित पहुंचा एसपी की चौखट पर, अब कार्रवाई पर टिकी निगाहें
फर्रुखाबाद। सोशल मीडिया पर उठाए गए एक गंभीर मामले में IG रेंज कानपुर और ADG जोन कानपुर द्वारा फतेहगढ़ पुलिस को आवश्यक जांच एवं कार्रवाई के निर्देश दिए गए थे। इसके बावजूद स्थानीय पुलिस की जांच रिपोर्ट पर सवाल खड़े हो रहे हैं। पीड़ित पक्ष का आरोप है कि मामले की निष्पक्ष जांच करने के बजाय पुलिस ने अपना पल्ला झाड़ लिया और मामले को सामान्य घटना बताकर निस्तारित करने का प्रयास किया।
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर की गई शिकायत के बाद पहले DIG रेंज कानपुर और फिर ADG जोन कानपुर ने मामले को संज्ञान में लेते हुए फतेहगढ़ पुलिस को कार्रवाई के निर्देश दिए थे। इसके जवाब में फतेहगढ़ पुलिस ने अपनी जांच रिपोर्ट में दावा किया कि मामला बच्चों के बीच हुई खेल-खेल की घटना से संबंधित है तथा किसी व्यक्ति द्वारा चाकू मारने अथवा इसके लिए उकसाने जैसी कोई बात प्रकाश में नहीं आई है।
हालांकि, पुलिस की इस रिपोर्ट से असंतुष्ट पीड़ित पक्ष अब पुलिस अधीक्षक फर्रुखाबाद की शरण में पहुंच गया है। पीड़ित का कहना है कि मामले के महत्वपूर्ण तथ्यों को नजरअंदाज किया गया और उच्च अधिकारियों के निर्देशों का भी प्रभाव स्थानीय स्तर पर दिखाई नहीं दिया।
इधर, हिंदू सुरक्षा सेवा संघ के जिला अध्यक्ष (हरदोई) ने मामले पर तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए कई सवाल खड़े किए हैं। उनका कहना है कि यदि कोई नाबालिग किसी की हत्या या हिंसक कृत्य के लिए उकसाता है तो क्या उसके खिलाफ कोई कानूनी प्रावधान नहीं है? उन्होंने आरोप लगाया कि पुलिस मामले की गंभीरता को कम करके दिखाने का प्रयास कर रही है।
संघ ने चेतावनी दी है कि यदि समय रहते निष्पक्ष कार्रवाई नहीं की गई तो संगठन व्यापक आंदोलन करेगा तथा कोतवाली का घेराव किया जाएगा। संगठन का कहना है कि कानून सबके लिए समान होना चाहिए और दोषियों के खिलाफ निष्पक्ष जांच कर कार्रवाई होनी चाहिए।
अब पूरे मामले में सबकी नजरें एसपी फर्रुखाबाद पर टिकी हैं। देखना होगा कि पुलिस अधीक्षक इस मामले में दोबारा जांच के आदेश देते हैं या फिर स्थानीय पुलिस की रिपोर्ट को ही अंतिम माना जाता है।
फिलहाल यह मामला जनपद में चर्चा का विषय बना हुआ है और लोग यह जानना चाहते हैं कि उच्च अधिकारियों के निर्देशों के बावजूद आखिर पीड़ित को न्याय की गुहार लेकर एसपी कार्यालय तक क्यों पहुंचना पड़ा।









