
लखनऊ
मुख्यमंत्री *योगी आदित्यनाथ* की अध्यक्षता में गुरुवार को उत्तर प्रदेश राज्य कृषि उत्पादन मण्डी परिषद के संचालक मंडल की 172वीं बैठक सम्पन्न हुई। बैठक में किसान कल्याण, कृषि विपणन और मण्डी व्यवस्था से जुड़े कई अहम प्रस्तावों को मंजूरी दी गई। परिषद के लिए वर्ष 2026-27 का *₹3025.49 करोड़* का बजट भी पारित किया गया।
1. छात्रवृत्ति और सुरक्षा योजनाओं का विस्तार
मुख्यमंत्री ने मुख्यमंत्री कृषक छात्रवृत्ति योजना का दायरा बढ़ाने के निर्देश दिए ताकि अधिक से अधिक पात्र विद्यार्थियों को इसका लाभ मिल सके।
साथ ही मुख्यमंत्री कृषक दुर्घटना सहायता योजना और मुख्यमंत्री खेत-खलिहान अग्निकांड दुर्घटना सहायता योजना की अवधि *1 जुलाई 2025 से 30 जून 2030* तक बढ़ाने के प्रस्ताव को स्वीकृति मिली। इससे दुर्घटना या अग्निकांड की स्थिति में किसानों और उनके परिवारों को समयबद्ध आर्थिक सहायता मिलती रहेगी।
2. मण्डियों का आधुनिकीकरण और ई-नाम से जुड़ाव
CM योगी ने प्रदेश की सभी मण्डियों के आधुनिकीकरण और पुनरोद्धार के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि मण्डियों को आधुनिक सुविधाओं से आच्छादित किया जाए।
इसके अलावा अधिक से अधिक मण्डियों को ई-नाम यानी राष्ट्रीय कृषि बाजार प्लेटफॉर्म से जोड़ने, राष्ट्रीय प्राकृतिक खेती मिशन से किसानों को जोड़ने और हर जनपद में ऑर्गेनिक उत्पादों के सर्टिफिकेशन की व्यवस्था सुनिश्चित करने को कहा।
3. खरीद व्यवस्था को मिली मजबूती
मूल्य समर्थन योजना के तहत दलहन और तिलहन की खरीद को और प्रभावी बनाने के लिए विभिन्न सहकारी संस्थाओं को ब्याजमुक्त कार्यशील पूंजी उपलब्ध कराने के प्रस्ताव भी मंजूर किए गए।
बैठक में CM ने पिछली बोर्ड बैठक के निर्णयों की समीक्षा की और सभी किसान हितैषी व विकास कार्यों को तय समय-सीमा में गुणवत्ता के साथ पूरा करने के निर्देश दिए।

CM योगी की अध्यक्षता में








