
हरदोई ब्लॉक टड़ियावां
सरकार के गौ संरक्षण के दावों की हकीकत टड़ियावां ब्लॉक की कालाआम गौशाला में देखने को मिल रही है। यहां गौशाला के नाम पर सिर्फ भ्रष्टाचार और लापरवाही का नंगा नाच हो रहा है। गौशाला का नजारा देखकर किसी की भी रूह कांप जाए।
हिंदू सुरक्षा सेवा संघ के जिला अध्यक्ष जितेंद्र श्रीवास्तव ने सोमवार को गौशाला का औचक निरीक्षण किया तो वहां की हालत देखकर हड़कंप मच गया। गौशाला तक जाने के लिए कोई रास्ता नहीं है। पूरे परिसर में दलदल और कीचड़ भरा है। दर्जनों गायें उसी गंदगी में फंसी हुई हैं।
सबसे दर्दनाक नजारा तब सामने आया जब कुछ गायें बीमार हालत में जमीन पर पड़ी थीं और उन्हें कौवे नोच-नोच कर खा रहे थे। बेजुबान तड़प रही थीं, लेकिन मदद के लिए कोई नहीं था।
जब इस मामले की शिकायत ग्राम पंचायत सचिव आशीष बाजपेई से की गई तो उन्होंने कहा मुझे कुछ नहीं पता, प्रधान से बात करो।
ग्राम प्रधान अजय सिंह से जवाब मांगा गया तो उनका रवैया और भी गैरजिम्मेदाराना था। प्रधान ने साफ कहा हम क्या करें ऐसा ही है और ऐसा ही रहेगा। हम इसमें कुछ नहीं कर सकते।

जिला अध्यक्ष जितेंद्र श्रीवास्तव ने आरोप लगाया कि गौशाला के नाम पर आने वाला सरकारी बजट भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ रहा है। बेजुबान जानवरों को न तो चारा मिल रहा है और न ही इलाज।

अब सवाल यह है कि क्या हरदोई के जिलाधिकारी इस मामले का संज्ञान लेंगे और दोषी प्रधान व सचिव के खिलाफ कार्रवाई करेंगे? या फिर कालाआम गौशाला इसी तरह भ्रष्टाचार के कीचड़ में सिसकती रहेगी।









