
हरदोई उत्तर प्रदेश में कानून व्यवस्था को दुरुस्त करने के बड़े-बड़े दावे किए जाते हैं, लेकिन जमीनी हकीकत कुछ और ही बयां कर रही है! मामला जनपद हरदोई के थाना कासिमपुर के अंतर्गत आने वाली पुलिस चौकी गौसगंज से। जहाँ दबंगों के हौसले इतने बुलंद हैं कि शरीफ और आम किसानों का राह चलना दूभर हो गया है!

शिकायती पत्र के अनुसार जिससे साफ तौर पर पता चल रहा है कि 13 जुलाई 2026 को गौसगंज के रहने वाले प्रार्थी अविनाश कुमार, कमलेश कुमार, पुनीत सिंह और सद्दाम अपने ही खेत से वापस लौट रहे थे। लेकिन रास्ते में घात लगाए बैठे इलाके के कुछ नामी दबंग— जिनमें वसीम, आनंद अली, जाहिद और हाकिम के नाम सामने आ रहे हैं— इन लोगों ने निहत्थे किसानों को घेर लिया!

बिना किसी उकसावे के, गाली-गलौज करते हुए इन लोगों ने पीड़ित किसानों को लाठी-डंडों से बेरहमी से पीटा। इतना ही नहीं, आरोप बेहद गंभीर हैं! शिकायती पत्र में साफ लिखा है कि ये लोग अवैध तमंचा (अवैध हथियार) रखते हैं, उसी के दम पर इलाके में खौफ फैलाते हैं और पीड़ितों को सरेआम जान से मारने की धमकी देकर गए हैं!
आत्मसम्मान और जान की भीख मांगने के लिए पुलिस की चौखट पर खड़े है पीड़ित पत्र में पीड़ितों ने साफ शब्दों में लिखा है— ‘हमें जान-माल का खतरा है, ये लोग हम पर कभी भी दोबारा जानलेवा हमला कर सकते हैं!
अब सबसे बड़ा सवाल इस पुलिस चौकी गौसगंज के प्रशासन पर खड़ा होता है! जब पीड़ित खुद लिखित शिकायत देकर अपनी जान का खतरा बता रहे हैं, तो आखिर पुलिस किस बात का इंतजार कर रही है? क्या पुलिस को किसी बड़ी अनहोनी या किसी की हत्या हो जाने का इंतजार है
हम प्रशासन से और आला अधिकारियों से सीधे मांग करते हैं कि इन नामजद दबंगों पर तुरंत सख्त से सख्त कार्रवाई की जाए, ताकि इन गरीब और बेकसूर किसानों को इंसाफ मिल सके और इलाके में कानून का इकबाल बुलंद हो!
लखनऊ मंडल ब्यूरो चीफ – अनुराग सिंह









